अटूट निष्ठा: जब शोक की लहरों पर भारी पड़ा संगठन सर्वोपरि का संकल्प – संजय सरावगी

Spread the love

दरभंगा।

राजनीति में पद और प्रतिष्ठा तो बहुत लोग पाते हैं, लेकिन संजय सरावगी जैसे व्यक्तित्व बिरले ही होते हैं जो अपने आचरण से ‘सेवा’ की नई परिभाषा लिख देते हैं। 22 फरवरी 2026 की वह घड़ी, जब पूरा दरभंगा उनकी पूज्य माता जी के निधन के शोक में डूबा था, सरावगी जी ने एक ऐसा उदाहरण पेश किया जिसने हर कार्यकर्ता की आँखों को नम और सीने को गर्व से भर दिया।

विपदा में भी अविचल कर्तव्य

माँ का जाना जीवन का सबसे बड़ा शून्य होता है। स्नेह, संस्कार और आशीर्वाद की वह पूंजी जब हाथ से छूटती है, तो इंसान टूट जाता है। लेकिन संजय सरावगी जी ने उस असहनीय पीड़ा के बीच भी अपनी माँ के दिए ‘कर्तव्यबोध’ को चुना। उन्होंने यह सिद्ध कर दिया कि उनके लिए संगठन केवल एक व्यवस्था नहीं, बल्कि एक परिवार है जिसकी जिम्मेदारी सर्वोपरि है।

प्रदेश नेतृत्व और कार्यकर्ताओं का साथ

अपने दरभंगा आवास से ऑनलाइन जुड़कर, सरावगी जी ने आगामी ‘मन की बात’ कार्यक्रम की तैयारियों की कमान संभाली। इस महत्वपूर्ण बैठक में:

  • माननीय प्रदेश अध्यक्ष जी की गरिमामयी उपस्थिति ने कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा फूँकी।
  • संगठन महामंत्री श्री भिखू भाई दलसानिया जी और प्रदेश उपाध्यक्ष माननीय राजेंद्र सिंह जी के साथ सूक्ष्म रणनीति साझा की गई।
  • जिला और मंडल स्तर की पूरी टीम के साथ संवाद कर आगामी 22 फरवरी के कार्यक्रम को सफल बनाने का संकल्प लिया गया।

संस्कारों की जीत

बैठक के दौरान सरावगी जी का संयम और कार्य के प्रति उनकी एकाग्रता देख हर कोई निशब्द था। प्रदेश अध्यक्ष जी और संगठन के वरिष्ठ नेताओं ने उनके इस जज्बे की सराहना करते हुए इसे भाजपा की कार्यसंस्कृति का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। यह केवल एक बैठक नहीं थी, बल्कि एक बेटे की अपनी माँ को दी गई वह कार्यांजलि थी, जिसमें निजी दुःख से ऊपर लोक-कल्याण की भावना निहित थी।

“माँ की स्मृतियाँ ओझल नहीं होतीं, लेकिन उनके सिखाए मूल्य ही मुझे समाज के लिए खड़े रहने की शक्ति देते हैं।”
— संजय सरावगी

एक अमिट मिसाल

संजय सरावगी जी का यह कदम आने वाली पीढ़ियों के लिए एक मिसाल है। उन्होंने दिखाया कि जब लक्ष्य बड़ा हो और संस्कार गहरे हों, तो इंसान बड़ी से बड़ी व्यक्तिगत आपदा में भी विचलित नहीं होता। आज पूरा प्रदेश उनके इस समर्पण को नमन कर रहा है।

About The Author